रविचंद्रन अश्विन और जसप्रीत बुमराह इस साल टेस्ट मैचों में दो-दो बार शून्य पर आउट हुए.
नई दिल्ली. अब जब 2020 जा चुका है, तब वे खिलाड़ी या बाकी लोग भी राहत की सांस ले रहे होंगे, जिनके लिए यह साल अच्छा नहीं रहा. क्रिकेट की बात करें तो इस खेल में खिलाड़ी के लिए सबसे शर्मिंदगी का पल वह होता है, जब वह बिना खाता खोले आउट हो जाए. भारत के दो खिलाड़ी ऐसे रहे, जिन्होंने टेस्ट मैचों में एक नहीं, दो-दो बार ऐसी शर्मिंदगी झेली. ये खिलाड़ी रविचंद्रन अश्विन (Ravichandran Ashwin) और जसप्रीत बुमराह (Jasprit Bumrah) रहे. ये दोनों भी राहत की सांस ले रहे होंगे.
साल 2020 में सबसे अधिक 3 बार शून्य पर आउट होने का रिकॉर्ड वेस्टइंडीज के शैनन गैब्रियल (Shannon Gabriel) के नाम रहा. गैब्रियल ने इस साल 5 टेस्ट मैचों की 9 पारियों में कुल 7 रन बनाए. वे तीन बार खाता भी नहीं खोल सके. उनका सर्वोच्च स्कोर 4 रन रहा.
टेस्ट क्रिकेट में 4 शतक लगा चुके रविचंद्रन अश्विन (R Ashwin) भी 0 पर बार-बार आउट होने वाले बल्लेबाजों की अनचाहे लिस्ट में हैं. अश्विन ने इस साल 3 टेस्ट मैचों की 5 पारियों में कुल 33 रन बनाए. वे दो बार खाता भी नहीं खोल सके. उनका सर्वोच्च स्कोर 15 रन रहा.
अपनी गेंदबाजी से मैच जिताने वाले जसप्रीत बुमराह भी इस लिस्ट में हैं. बुमराह ने इस साल 4 टेस्ट मैचों की 7 पारियों में कुल 20 रन बनाए. वे दो बार खाता भी नहीं खोल सके. उनका सर्वोच्च स्कोर 10* रन रहा.
जसप्रीत बुमराह साल 2020 के सबसे कामयाब भारतीय गेंदबाज जरूर रहे. उन्होंने इस साल 4 टेस्ट में 14 विकेट झटके. अश्विन 13 विकेट लेकर दूसरे सबसे सफल भारतीय गेंदबाज रहे. इंग्लैंड के स्टुअर्ट ब्रॉड साल के सबसे कामयाब गेंदबाज रहे. उन्होंने 38 टेस्ट विकेट लिए.

0 Comments