विकास दुबे पर बड़ी कार्रवाई: पुलिस ने कसा शिकंजा, अब होगा ये बड़ा काम



कानपुर: कानपुर से आठ पुलिसकर्मियों की हत्या कर फरार कुख्यात अपराधी विकास दुबे के खिलाफ पुलिस शिकंजा कसता जा रहा है। कानपुर के बाद अब विकास का लखनऊ स्थित घर भी जमींदोज किया जाएगा। बता दें कि अपराध की दुनिया में कदम रखने के बाद विकास अपनी पत्नी रिचा दुबे और अपने दो बेटों आकाश और शानू के साथ लखनऊ में रहता है। उसका घर लखनऊ में कृष्णानगर के इंद्रलोक में स्थित है। एलडीए की टीम ने उसके घर का मुआयना किया है।

शुरूआती जांच में मिला काफी कुछ गड़बड़

जानकारी के मुताबिक, विकास के लखनऊ वाले घर को गिराने की प्रक्रिया को लेकर काम जारी है। मालिकाना हक, नक्शा, और दस्तावेजों की जांच कर ली गई है। विकास के इस मकान को लेकर लखनऊ विकास प्राधिकरण की शुरुआती जांच में काफी कुछ गड़बड़ मिला है। बता दें कि इससे पहले विकास दुबे के बिठुर स्थित आवास को कानपुर प्रशासन ने गिरा दिया है और अब उसके लखनऊ वाले घर की बारी है। घर गिराने के लिए विकास दुबे की उसी जेसीबी का इस्तेमाल किया गया है, जिसके जरिए पुलिस टीम को घेरा गया था।

पुलिस को मिली विकास दुबे की लाइव लोकेशन

गौरतलब है कि विकास दुबे घटना के बाद से ही फरार है और अब तक पुलिस के हाथ नहीं लगा है। पुलिस वालों की हत्या के बाद विकास दुबे अपने करीबियों के साथ इनोवा कार से भाग गया था। वहीं सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक, पुलिस ने विकास की अंतिम लोकेशन ट्रेक कर ली है। उत्तर प्रदेश के औरैया जिले में उसकी मौजूदगी पाई गयी। वहीं पुलिस को आशंका है कि वह औरैया से सटे मध्य प्रदेश की ओर भाग सकता है। नेपाल बॉर्डर पर भी अलर्ट जारी कर दिया गया है। विकास दुबे के फोटो चस्पा कर दिए गए हैं।

यूपी पुलिस को विकास दुबे की तलाश

चौबेपुर थाना क्षेत्र स्थित अपने गाँव से पुलिसकर्मियों पर हमला कर फरार हुए गैंगस्टर विकास दुबे की तलाश जारी है। अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए प्रदेश के सात हजार पुलिसकर्मी ऑपरेशन में लगाए गए हैं। चौबेपुर को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। विकास दुबे पर एक लाख का इनाम घोषित किया गया है। उसके सारे बैंक खाते सील कर दिये गए हैं। सर्च ऑपरेशन के लिए 20 टीमों का गठन कर दिया है।

इन पुलिसकर्मियों की भूमिका संदिग्ध

इस पूरे मामले में कुछ पुलिसकर्मियों की भूमिका भी संदिग्ध मानी जा रही है। पुलिस दबिश की मुखबिरी करने के शक में चौबेपुर के एसओ विनय तिवारी को निलंबित कर दिया गया है। इस मामले की जांच एसटीएफ ने शुरू कर दी है और संदिग्ध भूमिका वाले पुलिसकर्मियों से पूछताछ की जा रही है। अगर कोई भी पुलिसकर्मी विकास दुबे की मदद में संलिप्त पाया गया तो उसके खिलाफ़ हत्या का मुक़दमा दर्ज़ किया जाएगा।


Post a Comment

0 Comments